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सिख्स इन इंडिया का लोगो
सिख विरासत एवं पवित्र स्थल

गुरुद्वारा पातशाही नौवीं साहिब

लंगर छनी — अंबाला, हरियाणा
आस्था  ·  सेवा  ·  संगत  ·  विरासत

गुरुद्वारा श्री गुरु तेग बहादुर साहिब लंगर छनी, जिसे गुरुद्वारा श्री पातशाही नौवीं साहिब भी कहा जाता है, अंबाला ज़िले में स्थित है।

गुरुद्वारा श्री पातशाही नौवीं साहिब
लंगर छनी
अंबाला  ·  हरियाणा

गुरुद्वारा श्री गुरु तेग बहादुर साहिब लंगर छनी, जिसे गुरुद्वारा श्री पातशाही नौवीं साहिब भी कहा जाता है, अंबाला ज़िले में स्थित है।

श्री गुरु तेग बहादुर जी सिखी प्रचार से लौटते हुए यहाँ पधारे। गुरु साहिब झुरेड़ी से यहाँ आए और लखनौर साहिब की ओर आगे बढ़े।

गुरु तेग बहादुर गाँव के बाहर विश्राम के लिए रुके। जब ग्रामवासियों ने सुना कि गुरु तेग बहादुर निकट हैं, तो उन्होंने गुरु जी को गाँव में आने का निमंत्रण दिया।

गुरु तेग बहादुर ने गुरुद्वारे के स्थान पर डेरा डाला और अपना घोड़ा एक वृक्ष से बाँधा, जो आज भी यहाँ मौजूद है। गुरु तेग बहादुर ने गाँव को आशीर्वाद दिया और कहा कि ग्रामवासियों की फसलें अच्छी होंगी।

स्मृति
श्री गुरु तेग बहादुर जी
पता
Langar Chhani, Ambala, Haryana, India
"
वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतह — खालसा सर्वशक्तिमान का है, और विजय भी उन्हीं की है।
— सिख अभिवादन
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