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सिख्स इन इंडिया का लोगो
सिख विरासत एवं पवित्र स्थल

गुरुद्वारा पंज तीरथ साहिब

लरोया — नवांशहर, पंजाब
आस्था  ·  सेवा  ·  संगत  ·  विरासत

गुरुद्वारा श्री पंज तीरथ साहिब नवांशहर ज़िले की तहसील बंगा के गाँव लरोया में स्थित है।

गुरुद्वारा श्री पंज तीरथ साहिब
लरोया
नवांशहर  ·  पंजाब

गुरुद्वारा श्री पंज तीरथ साहिब नवांशहर ज़िले की तहसील बंगा के गाँव लरोया में स्थित है।

श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी मुगलों के विरुद्ध 1634 का करतारपुर का युद्ध जीतने के बाद यहाँ पधारे।

गुरु हरगोबिंद कीरतपुर साहिब की ओर जा रहे थे। गुरु हरगोबिंद शाम को यहाँ पहुँचे और रात यहीं रुकने का निर्णय लिया।

उस समय यहाँ एक घना जंगल और एक जलाशय था। जब स्थानीय बच्चों ने गुरु हरगोबिंद को देखा तो उन्होंने अपने माता-पिता को बताया कि एक पवित्र पुरुष आए हैं।

गाँव की संगत आई और गुरु हरगोबिंद को नमन किया। गुरु हरगोबिंद ने स्थानीय संगत से उनका कुशल-क्षेम पूछा।

स्मृति
श्री गुरु हरगोबिंद साहिब जी
पता
Laroya, Nawanshahr, Punjab, India
"
वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतह — खालसा सर्वशक्तिमान का है, और विजय भी उन्हीं की है।
— सिख अभिवादन
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